तुम नहीं तो ये नज़ारे भी बुरे लगते है

तुम नहीं तो ये नज़ारे भी बुरे लगते है,
चाँद के पास सितारे भी बुरे लगते है,
ला के जिस रोज़ से छोड़ा है तुमने भवँर में हमको,
हमको दरिया के किनारे भी बुरे लगते है!!

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